
चंडीगढ़: पंजाब की भगवंत मान सरकार ने मजदूर दिवस के ऐतिहासिक अवसर पर 1 मई को विधानसभा का विशेष सत्र बुलाने का फैसला किया है। यह सत्र मुख्य रूप से राज्य के मेहनतकश मजदूरों और श्रमिक वर्ग की समस्याओं और उनके लिए चलाई जा रही कल्याणकारी योजनाओं पर केंद्रित होगा।
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने घोषणा की है कि इस बार सदन की कार्यवाही के दौरान विभिन्न मजदूर यूनियनों के प्रतिनिधियों को विशेष रूप से आमंत्रित किया जाएगा, ताकि वे अपनी मांगों और चुनौतियों को सरकार के सामने रख सकें। सत्र के दौरान केंद्र सरकार द्वारा मनरेगा योजना में किए जा रहे संभावित बदलावों और राज्य में मजदूरों की मजदूरी बढ़ाने जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा होने की संभावना है।
राजनीतिक विशेषज्ञों का कहना है कि इस सत्र में केवल मजदूरों के मुद्दे ही नहीं, बल्कि राज्य की वर्तमान राजनीतिक स्थिति और विपक्षी दलों से जुड़े कई महत्वपूर्ण प्रस्ताव भी पेश किए जा सकते हैं। सरकार इस अवसर पर मजदूर वर्ग के लिए कुछ नई सुविधाओं और वित्तीय सहायता की घोषणा भी कर सकती है। विधानसभा सचिवालय द्वारा इस सत्र की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।
मजदूर दिवस पर पंजाब विधानसभा का विशेष सत्र 1 मई को; श्रमिकों के लिए बड़े ऐलानों की उम्मीद
